Bareilly News: आंवला परामर्श केंद्र ने एक ही दिन में सुलझाए 8 पारिवारिक विवाद, उजड़ने से बचे कई घर
Bareilly News: कोतवाली आंवला परिसर में संचालित पुलिस पारिवारिक परामर्श एवं मध्यस्थता केंद्र ने बुधवार, 17 जून को अपनी सार्थकता और कार्यकुशलता का एक और बड़ा उदाहरण पेश किया है। केंद्र ने आपसी सूझबूझ और गहन काउंसिलिंग के जरिए एक ही दिन में रिकॉर्ड 8 वैवाहिक और पारिवारिक विवादों का शांतिपूर्ण निस्तारण कराया। परामर्श केंद्र के इस प्रयास से कई परिवार टूटने से बच गए और दंपती एक बार फिर साथ रहने को राजी हुए।
इन 8 परिवारों के बीच हुआ सफल समझौता
केंद्र के अध्यक्ष जय गोविन्द सिंह द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, जिन परिवारों के आपसी मतभेदों को दूर कर उन्हें पुनः साथ भेजा गया, उनमें मुख्य रूप से निम्नलिखित मामले शामिल थे।
सोनम (पुत्री मुनि पाल) और उनके पति कृष्ण पाल (निवासी पनवडिया, थाना आंवला)
रूबी (पुत्री राधेश्याम) और उनके पति विकास (निवासी करुआताल, थाना आंवला)
राजकुमारी (पुत्री दुर्गपाल) और उनके पति राजू (निवासी करतला, थाना आंवला)
मिथलेश (पुत्री भूपराम) और उनके पति आशाराम (निवासी ढका, बिशारत गंज)
क्रांति राठौर (पुत्री सुरेश सिंह) और उनके पति सोमवीर पटेल (निवासी डरूआपुर, आंवला)
दीपा (पुत्री बुद्ध पाल सिंह) और उनके पति अरविंद सिंह (निवासी दिगोई, आंवला)
मीना देवी और उनके पति नेत्रपाल (निवासी नौहारा हसनपुर, बिशारत गंज)
सोमवती और उनके पति सोनू (निवासी फुलासी, आंवला)

274 मामलों में से 153 का हो चुका है निस्तारण
अध्यक्ष जय गोविन्द सिंह ने बताया कि केंद्र में अब तक कुल 274 पारिवारिक विवाद पंजीकृत किए जा चुके हैं, जिनमें से 153 मामलों में दोनों पक्षों की सहमति से सफल समझौता कराया जा चुका है। शेष बचे मामलों पर गहनता से विचार किया जा रहा है या उन्हें अग्रिम विधिक कार्रवाई के लिए आगे प्रेषित किया गया है।
इस महत्वपूर्ण सफलता में समिति के सदस्य रमाकांत तिवारी, योगेश माहेश्वरी, रामदीन सागर, रजिया सुल्तान, शोखी अग्रवाल, सीमा रजा, शोभना अग्रवाल के साथ-साथ महिला उपनिरीक्षक (WSI) अंजू रानी, मुख्य आरक्षी किरण मणि और आरक्षी शीतल देवी की सूझबूझ और अथक प्रयासों की अहम भूमिका रही।

प्रदेश के लिए रोल मॉडल बनेगा आंवला परामर्श केंद्र
उत्तर प्रदेश महिला आयोग की माननीय सदस्य पुष्पा पाण्डेय ने अपने हालिया आंवला भ्रमण के दौरान केंद्र की कार्यप्रणाली की जमकर सराहना की। उन्होंने समिति के सदस्यों को सूचित किया कि जुलाई के अंत में आंवला कोतवाली में एक वृहद (बड़ा) कार्यक्रम आयोजित करने पर सहमति बन रही है। इस कार्यक्रम में प्रदेश, मंडल और जिला स्तर के आला अधिकारियों को आमंत्रित किया जाएगा।
इसका मुख्य उद्देश्य आंवला परामर्श केंद्र के इस सफल वर्किंग मॉडल से अधिकारियों को अवगत कराना है, ताकि इसे पूरे उत्तर प्रदेश में एक रोल मॉडल के रूप में लागू किया जा सके। अध्यक्ष ने इस गौरवपूर्ण उपलब्धि को पूरी टीम के त्याग, समर्पण और सामूहिक भावना का प्रतिफल बताया है।
रिपोर्ट- रंजीत बिसारिया
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