रांची में RSS के प्रांतीय कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला, सीसीटीवी में कैद हुए हमलावर
Sandesh Wahak Digital Desk: झारखंड की राजधानी रांची से एक बेहद सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ निवारणपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रांतीय कार्यालय को निशाना बनाते हुए अज्ञात बदमाशों ने पेट्रोल बम से हमले की कोशिश की। राहत की बात यह रही कि इस हमले में किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन घटना के वक्त कार्यालय के भीतर कई कार्यकर्ता मौजूद थे और बाहर गाड़ियां खड़ी थीं। हमले की यह पूरी वारदात वहां लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में कैद हो गई है, जिसके आधार पर पुलिस ने तफ्तीश शुरू कर दी है।
रात के सन्नाटे में आए बाइक सवार, दो पेट्रोल बम फेंके
जानकारी के अनुसार, यह घटना मंगलवार देर रात करीब 12:36 बजे की है। सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि मोटरसाइकिल पर सवार होकर दो युवक संघ कार्यालय के बाहर पहुंचते हैं। दोनों आपस में कुछ बात करते हैं और फिर ज्वलनशील पेट्रोल से भरी बोतलें कार्यालय की तरफ फेंक कर तेजी से फरार हो जाते हैं।
केंद्रीय राज्य मंत्री संजय सेठ ने घटना की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि हमलावरों ने पहला पेट्रोल बम फेंका जो हवा में ही फट गया। इसके तुरंत बाद उन्होंने दूसरा बम फेंका, लेकिन वह जमीन पर गिरकर टूट गया और उसमें विस्फोट नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि अगर पेट्रोल जमीन पर फैलकर आग पकड़ लेता, तो परिसर में खड़े वाहनों और अंदर मौजूद कार्यकर्ताओं के चलते एक बड़ा हादसा हो सकता था। उन्होंने इसे रांची की शांति भंग करने की एक सोची-समझी साजिश करार दिया।
झारखण्ड में राँची के निवारणपुर में बीती रात आरएसएस ऑफिस पर पेट्रोल बम से हमला।
हमलावर का सीसीटीवी फुटेज आया सामने, pic.twitter.com/vpEALpSrUd
— Sarwesh (@sarweshh) June 17, 2026
बीजेपी ने उठाया सुरक्षा पर सवाल, पुलिस पिकेट की मांग
इस घटना के बाद से झारखंड का सियासी पारा पूरी तरह गरमा गया है। भारतीय जनता पार्टी ने इसे राज्य की बदहाल कानून-व्यवस्था और सुरक्षा में एक गंभीर चूक बताया है। केंद्रीय मंत्री संजय सेठ ने जिला प्रशासन से संघ कार्यालय की संवेदनशीलता को देखते हुए वहां तुरंत एक स्थायी पुलिस पिकेट स्थापित करने की मांग की है।
वहीं, झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने भी इस हमले पर गहरी चिंता व्यक्त की है। मरांडी ने अंदेशा जताया कि यह हमला किसी बहुत बड़ी वारदात को अंजाम देने का एक पूर्व संकेत (ट्रायल) हो सकता है। उन्होंने हेमंत सरकार और पुलिस प्रशासन से दोषियों के खिलाफ अविलंब सख्त से सख्त कार्रवाई करने को कहा है।
फोरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया है। रांची के डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस केवी रमन ने बताया कि पुलिस ने घटनास्थल से हमले में इस्तेमाल की गईं दो बोतलें बरामद कर ली हैं। साक्ष्यों की वैज्ञानिक जांच के लिए फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की टीम को लगाया गया है।
इस हाई-प्रोफाइल मामले की कड़ियां जोड़ने के लिए साइबर डीएसपी सहित कई वरिष्ठ अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के तकनीकी विश्लेषण से कुछ संदिग्धों के हुलिए और बाइक के बारे में सुराग मिले हैं, जिनकी धरपकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। घटना के बाद से ही निवारणपुर और आस-पास के इलाकों में सुरक्षा घेरा कड़ा कर दिया गया है।

