UP STF की बड़ी कार्रवाई: लोगों के नाम पर सिम लेकर UPI ID बनाने वाले साइबर ठग गिरोह का पर्दाफाश, 4 आरोपी गिरफ्तार
Lakhimpur Kheri News: उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और ज्यादा पैसे कमाने का झांसा देकर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा किया है।
STF ने गिरोह के चार सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से बड़ी संख्या में सिम कार्ड, मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड और नकदी बरामद की गई है।
लोगों के नाम पर सिम एक्टिवेट कर बनाते थे UPI ID
STF के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और कम समय में ज्यादा पैसा कमाने का लालच देते थे।
इसके बाद उनके नाम पर सिम कार्ड एक्टिवेट कराते थे और उन्हीं नंबरों से UPI ID बनाकर विभिन्न गेमिंग ऐप के माध्यम से ठगी करते थे।
गिरोह के सदस्य लोगों को लालच देकर उनके बैंक खातों और मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल करते थे और धोखाधड़ी कर पैसे निकाल लेते थे।
STF ने चार आरोपियों को दबोचा
STF उत्तर प्रदेश लखनऊ की टीम ने 9 जुलाई 2026 को लखीमपुर खीरी जिले के थाना कोतवाली सदर क्षेत्र स्थित आवास विकास कॉलोनी से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई—
- अभिषेक वर्मा पुत्र संजय वर्मा, निवासी रामपुरवा, थाना लहरपुर, सीतापुर
- नीरज वर्मा पुत्र सतीश कुमार वर्मा, निवासी रायपुर, थाना निघासन, लखीमपुर खीरी
- रवि दीप कुमार पुत्र प्रेम प्रकाश, निवासी बचाव, थाना पढ़ुआ, लखीमपुर खीरी
- आदेश वर्मा पुत्र रामसेवक वर्मा, निवासी बेलवा, थाना शारदानगर, लखीमपुर खीरी
आरोपियों के पास से भारी सामान बरामद
STF ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से निम्न सामान बरामद किया—
- 324 सिम कार्ड
- 8 मोबाइल फोन
- 1 माइक्रो फिंगर मशीन
- 6 अलग-अलग बैंकों के एटीएम कार्ड
- 2 आधार कार्ड
- 2 दोपहिया वाहन
- 1 पैन कार्ड
- 1 आईडी कार्ड
- 58 हजार रुपये नकद
STF को कई दिनों से मिल रही थी सूचना
STF के मुताबिक, पिछले कई दिनों से लखीमपुर खीरी और आसपास के जिलों में सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और पैसे कमाने का झांसा देकर धोखाधड़ी करने वाले गिरोह की सूचना मिल रही थी।
इस संबंध में STF की विभिन्न टीमों को सूचना जुटाने और कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। अपर पुलिस अधीक्षक STF अवनीश्वर चंद्र श्रीवास्तव के पर्यवेक्षण में उप निरीक्षक पवन कुमार सिंह के नेतृत्व में टीम गठित की गई थी।
टीम में मुख्य आरक्षी रमाशंकर चौधरी, चेतन सिंह, सूरज कुमार, राघवेंद्र तिवारी और आरक्षी सुधीर कुमार शामिल थे।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका एक गिरोह है, जो लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और अन्य माध्यमों से पैसा कमाने का लालच देकर ठगी करता है।
गिरोह के सदस्य लोगों के नाम पर सिम कार्ड एक्टिवेट कराते थे और उन्हें एनएसडीएल अकाउंट से लिंक कर UPI ID बनाते थे।
इसके बाद गेमिंग ऐप में पैसा लगवाकर धोखाधड़ी की जाती थी।
कोतवाली सदर में दर्ज हुआ मुकदमा
गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ थाना कोतवाली सदर, जनपद लखीमपुर खीरी में मुकदमा संख्या 531/2026 धारा 112, 318(4), 317(2) BNS और 66(D) आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार, मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है।

