बरेली में 28 जून को बूथ दिवस पर खुलेंगे सभी स्कूल, डीएम ने दिए विभागों को कड़े निर्देश
Bareilly News: जनपद में बच्चों को पोलिया जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखने के लिए पल्स पोलियो राष्ट्रीय प्रतिरक्षण दिवस अभियान की शुरुआत होने जा रही है। जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने बताया कि यह विशेष अभियान बी-टीम के तहत 6 जुलाई तक संचालित किया जाएगा। इस राष्ट्रीय कार्यक्रम को शत-प्रतिशत सफल बनाने के लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। जिलाधिकारी ने विभिन्न सरकारी विभागों के आला अधिकारियों और कर्मचारियों को सक्रिय भागीदारी निभाते हुए अपनी-अपनी जिम्मेदारियों को पूरी निष्ठा से पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
दवा पिलाने से मना करने वाले परिवारों को मनाएंगे लेखपाल
अभियान की जमीनी स्तर पर निगरानी के लिए सभी उप जिलाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में तहसील टास्क फोर्स समिति की बैठक आयोजित करने को कहा गया है। डीएम ने सख्त निर्देश दिए हैं कि राजस्व विभाग के लेखपाल जमीन पर सक्रिय रहें। यदि कोई परिवार अपने बच्चों को पोलियो की दवा पिलवाने से इनकार करता है, तो लेखपाल स्थानीय प्रभावशाली और गणमान्य व्यक्तियों की मदद लेकर उस परिवार को समझाएंगे और बच्चों को खुराक दिलाना सुनिश्चित करेंगे।
28 जून को सुबह 8 से शाम 4 बजे तक खुलेंगे विद्यालय
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया गया है कि आगामी 28 जून 2026 को पोलियो बूथ दिवस के अवसर पर वे सभी प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय अनिवार्य रूप से खुले रहेंगे जहां बूथ बनाए गए हैं।
स्कूलों की टाइमिंग: सुबह 8:00 बजे से सायं 4:00 बजे तक।
जागरूकता रैली: सुबह के समय स्कूली बच्चों द्वारा जागरूकता रैली निकाली जाएगी।
बुलावा टोली: ‘बुलावा टोली’ के जरिए 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को बूथ तक लाया जाएगा।
मिड-डे मील व आंगनबाड़ी: जिन स्कूलों में बूथ होगा, वहां मिड-डे मील (मध्याह्न भोजन) अनिवार्य रूप से बनेगा। आंगनबाड़ी सहायिकाएं 3 से 5 वर्ष के बच्चों को बूथ तक लाएंगी और माताओं को इसके लिए प्रेरित करेंगी।
अंतर्विभागीय समन्वय और आईएमए का बड़ा सहयोग
इस महाअभियान में शिक्षा, पंचायती राज, नगर निकाय, आपूर्ति, अल्पसंख्यक कल्याण, राजस्व और आईसीडीएस विभाग के सुपरवाइजरों को तैनात किया गया है। ये सुपरवाइजर स्थानीय आशा कार्यकर्ताओं और पोलियो टीमों का लगातार फॉलोअप करेंगे और किसी भी समस्या का मौके पर ही निपटारा करेंगे।
वहीं, स्वास्थ्य क्षेत्र की प्रमुख संस्था इंडियन मेडिकल एसोसिएशन भी इसमें बड़ी भूमिका निभा रही है। आईएमए के अध्यक्ष और सचिव को शहरी क्षेत्र में 50 और ग्रामीण इलाकों के प्रत्येक ब्लॉक में 10-10 पोलियो बूथ गोद लेने के निर्देश दिए गए हैं। बच्चों को बूथ की तरफ आकर्षित करने के लिए आईएमए द्वारा उन्हें सीटी, गेंद, टॉफी और बिस्कुट जैसी सामग्री उपहार स्वरूप बांटी जाएगी।
रिपोर्ट- रंजीत बिसारिया
Also Read: भारतीय क्रिकेटर एक टेस्ट मैच खेलने का कितना पैसा कमाते हैं? रकम जानकर उड़ जाएंगे होश

