बंगाल चुनाव के पहले चरण में बंपर वोटिंग और भारी बवाल, कोलकाता में अमित शाह ने संभाला मोर्चा
Sandesh Wahak Digital Desk: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण में मतदान की रफ्तार और राजनीतिक हिंसा दोनों ही चरम पर हैं। राज्य में हाई-वोल्टेज चुनावी जंग के बीच कई जगहों से झड़पों की खबरें आई हैं, वहीं दूसरी ओर रिकॉर्ड वोटिंग की संभावना बनी हुई है। ताज़ा आंकड़ों के मुताबिक, अब तक 60 प्रतिशत से अधिक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर चुके हैं।
मतदान के दौरान जमीन पर तनाव साफ देखा जा रहा है। भाजपा उम्मीदवार सुवेंदु सरकार को टीएमसी समर्थकों द्वारा खदेड़ने की खबर है, वहीं एक अन्य इलाके में हुमायूं कबीर की कार को निशाना बनाकर पत्थरबाजी की गई। इन घटनाओं ने चुनाव आयोग और सुरक्षा बलों की चुनौती बढ़ा दी है।
अमित शाह की मैराथन मीटिंग और कालीघाट दौरा
एक ओर जहाँ पहले चरण का रण जारी है, वहीं भाजपा ने दूसरे चरण के लिए पूरी ताकत झोंक दी है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह खुद कोलकाता में डेरा डाले हुए हैं। उन्होंने प्रदेश कार्यालय में शीर्ष नेताओं के साथ लंबी बैठक की, जिसमें प्रचार की रणनीति और चुनावी तैयारियों पर गहन मंथन हुआ।
इसके साथ ही, शाह आज प्रसिद्ध कालीघाट मंदिर में दर्शन के लिए भी जा रहे हैं। रासबिहारी सीट से भाजपा उम्मीदवार स्वप्न दासगुप्ता ने कहा, गृह मंत्री का कालीघाट आना हमारे लिए गर्व की बात है। यह हिंदुओं का पवित्र केंद्र है। हम उन्हें बताएंगे कि कैसे पिछले 15 वर्षों में टीएमसी शासन ने इस क्षेत्र के विकास की पूरी तरह अनदेखी की है।

TMC के किले में सेंध लगाने की चुनौती
पहले चरण की सीटें वे हैं जहाँ भाजपा पिछला प्रदर्शन दोहराने की उम्मीद कर रही है, लेकिन दूसरे चरण की राह कठिन है। दूसरे चरण में उन इलाकों में वोटिंग होनी है जो टीएमसी के मजबूत गढ़ माने जाते हैं। विशेषकर कोलकाता की सभी 11 सीटों पर पिछली बार टीएमसी का कब्जा था। रासबिहारी जैसी सीटें दशकों से टीएमसी के पास हैं, जिन्हें चुनौती देना भाजपा के लिए इस बार सबसे बड़ा लक्ष्य है।
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