कोड वर्ड में होती थी सिया और चेतन की बात, केतन हत्याकांड में पुलिस को मिला अहम सुराग
Ketan murder Case: पुणे के चर्चित केतन मर्डर केस में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, नए खुलासे सामने आ रहे हैं। पुलिस जांच में पता चला है कि आरोपी सिया गोयल और चेतन चौधरी आपस में बातचीत के दौरान कोड वर्ड और निकनेम का इस्तेमाल करते थे।
इससे पुलिस का शक और गहरा हो गया है। पुलिस का मानना है कि इन कोडेड बातचीत का संबंध हत्या की साजिश से हो सकता है। इसी कड़ी में सिया गोयल का एक दूसरा मोबाइल फोन भी जब्त कर लिया गया है, जिससे और अहम सुराग मिलने की उम्मीद है।
पुलिस कस्टडी की मांग खारिज
शुक्रवार को पुणे की अदालत ने सिया गोयल और चेतन चौधरी को हत्या के मामले में 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। प्रॉसिक्यूशन ने पुलिस कस्टडी तीन दिन बढ़ाने की मांग की थी।
दलील दी गई कि दोनों के मोबाइल से मिली चैट इशारों और कोडेड भाषा में है, जिसका मतलब समझने के लिए आमने-सामने पूछताछ जरूरी है। हालांकि बचाव पक्ष ने इसका विरोध किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने पुलिस कस्टडी बढ़ाने की मांग खारिज कर दी।
लोहागढ़ फोर्ट पर डमी से दोहराया गया घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, सिया और चेतन पर आरोप है कि उन्होंने केतन को लोहागढ़ फोर्ट से धक्का देकर करीब 400 फीट गहरी खाई में गिरा दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। जांच के दौरान पुलिस दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले गई, जहां डमी के जरिए पूरे घटनाक्रम को दोहराया गया।
इससे पहले सिया गोयल ने पॉलीग्राफ टेस्ट के लिए भी सहमति दी थी। पुलिस अब सभी सबूतों को जोड़कर केस की कड़ियां मजबूत करने में जुटी है।

