सहारनपुर पटाखा फैक्ट्री में भीषण धमाका, दो मजदूरों की मौत, कई के मलबे में दबे होने की आशंका
Saharanpur Blast: उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में शुक्रवार शाम एक पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट ने पूरे इलाके को दहला दिया। धमाका इतना तेज था कि उसकी आवाज करीब दो किलोमीटर दूर तक सुनाई दी और आसपास के घर तक हिल गए। हादसे में अब तक दो मजदूरों के शव बरामद किए गए हैं, जबकि कई अन्य लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है।
यह हादसा गंगोह थाना क्षेत्र के कुंडाबसी गांव के बाहर स्थित एक पटाखा फैक्ट्री में हुआ। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हादसे के समय फैक्ट्री में करीब 24 मजदूर काम कर रहे थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अचानक तेज धमाके के साथ फैक्ट्री से आग की ऊंची-ऊंची लपटें उठने लगीं। विस्फोट के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और ग्रामीण अपने घरों से बाहर निकल आए।
सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। मलबा हटाकर लोगों को निकालने का काम शुरू किया गया।
दो शव मिले, कई लापता होने की आशंका
पुलिस ने अब तक दीपराज (23) और संदीप (25) के शव बरामद किए हैं। दोनों मध्य प्रदेश के इंदौर के रहने वाले बताए जा रहे हैं।
अधिकारियों के मुताबिक, अभी भी कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है। इसलिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। मृतकों की संख्या बढ़ने की भी आशंका जताई जा रही है।
दूर-दूर तक बिखरे शवों के अवशेष
धमाका इतना भीषण था कि कुछ मजदूरों के शव बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और उनके अवशेष दूर-दूर तक जा गिरे। मौके पर पहुंची पुलिस ने पूरे क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू कर दी है।
ग्रामीणों का कहना है कि फैक्ट्री लंबे समय से संचालित हो रही थी। दिवाली सीजन को देखते हुए वहां बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री रखी गई थी, जिससे धमाका और अधिक खतरनाक हो गया।
प्रारंभिक जांच में फैक्ट्री का मालिक गाजियाबाद का रहने वाला बताया जा रहा है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि फैक्ट्री में सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं।
मृतकों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए गए हैं। प्रशासन ने पीड़ित परिवारों को हरसंभव सहायता देने का आश्वासन दिया है।
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