मेरठ में कांवड़ियों के लिए नई गाइडलाइन, 10 फीट से ऊपर की कांवड़ पर लगेगी पाबंदी
Meerut News: कांवड़ यात्रा-2026 को लेकर मेरठ पुलिस और प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। श्रावण मास में जिले के 776 शिवालयों समेत 13 प्रमुख मंदिरों पर जलाभिषेक होगा। तीन बड़े मंदिरों में कांवड़ियों की भारी भीड़ को देखते हुए विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। औघड़नाथ मंदिर में एक अस्थाई कांवड़ थाना और नौ अस्थाई पुलिस चौकियां बनाई जाएंगी। यहां सीसीटीवी कंट्रोल रूम भी तैयार किया जा रहा है।
एसएसपी मेरठ अविनाश पांडेय ने बताया कि सुरक्षा के लिए जिले को 6 सुपर जोन, 24 जोन, 64 सेक्टर और 44 सब-सेक्टर में बांटा गया है। हर एक किलोमीटर पर पुलिसकर्मी तैनात रहेगा। जिले में 7 कांवड़ मार्ग चिन्हित किए गए हैं, जिनकी कुल लंबाई 228 किलोमीटर है। इन मार्गों पर 78 पिकेट और 26 बैरियर लगाए जाएंगे।
10 फीट से ऊंची कांवड़ और बड़े डीजे पर रोक
मेरठ पुलिस ने कांवड़ और डीजे को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। 10 फीट से ज्यादा ऊंची कांवड़ रखने की अनुमति नहीं होगी। वहीं डीजे की ऊंचाई 10 फीट और चौड़ाई 12 फीट से अधिक नहीं होनी चाहिए। नियम तोड़ने पर डीजे संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने डीजे संचालकों के साथ 42 बैठकें कर निर्देश जारी किए हैं। भक्ति गीतों की आवाज 75 डेसीबल से ज्यादा नहीं रखने को कहा गया है।
कांवड़ मार्गों पर 64 संवेदनशील मिश्रित आबादी वाले स्थान चिन्हित किए गए हैं। इसके अलावा 67 मस्जिद, दो मजार और तीन मदरसों के पास पुलिस बल तैनात रहेगा।
ड्रोन और कैमरों से होगी निगरानी
यात्रा की सुरक्षा के लिए 18 क्यूआरटी, पांच सीसीटीवी कंट्रोल रूम, तीन वायरलेस कंट्रोल रूम और 12 सब स्टेशन बनाए गए हैं। पूरे क्षेत्र में 2234 आईपी कैमरे, 1270 सीसीटीवी कैमरे और 23 ड्रोन से निगरानी होगी।
एसएसपी ने बताया कि 136 पुलिस वाहन और 110 कांवड़ मोबाइल बाइक तैनात रहेंगी। इसके अलावा तीन वॉच टावर और 480 डिजिटल वॉलंटियर अफवाहों पर नजर रखेंगे। गंगनहर में सुरक्षा के लिए 12 नाव और 35 प्रशिक्षित गोताखोर भी तैनात किए गए हैं।
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