Siddharthnagar News: मानकों में फेल हुए तो थमेगा स्कूल बसों के पहिया, DTC राज कुमार सिंह ने दी चेतावनी
Sandesh Wahak Digital Desk: उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जनपद में स्कूली बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और परिवहन व्यवस्था में पारदर्शिता लाने के लिए परिवहन विभाग ने “शिक्षा क्रांति” की ओर कदम बढ़ा दिए हैं। डिप्टी ट्रांसपोर्ट कमिश्नर (DTC) राज कुमार सिंह के नेतृत्व में शुक्रवार को जनपद के विभिन्न विद्यालयों के वाहनों के मानकों की सघन जांच शुरू की गई।

UPISVMP पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन अनिवार्य
निरीक्षण के बाद ‘संदेश वाहक न्यूज’ से विशेष बातचीत में डिप्टी ट्रांसपोर्ट कमिश्नर आर. के. सिंह ने स्पष्ट चेतावनी दी कि लापरवाह विद्यालय संचालकों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा सभी विद्यालय संचालक 15 अप्रैल 2026 तक अनिवार्य रूप से अपने वाहनों का विवरण उत्तर प्रदेश शिक्षा एवं UPISVMP पोर्टल पर अपलोड करें। पोर्टल पर ‘ऑनबोर्ड’ होने से सरकार और आम जनता, दोनों ही वाहनों की स्थिति (फिटनेस, मानक आदि) से आसानी से अवगत हो सकेंगे। इस पूरे पोर्टल का संचालन और नेतृत्व परिवहन विभाग द्वारा किया जा रहा है।

संयुक्त टीम ने किया भौतिक सत्यापन
शुक्रवार को सिद्धार्थनगर के लगभग दर्जन भर विद्यालयों और उनके वाहनों का भौतिक सत्यापन किया गया। इस संयुक्त कार्रवाई में DTC आर. के. सिंह के साथ संभागीय परिवहन अधिकारी (RTO) बस्ती फ़रीदुद्दिन, RTO (प्रवर्तन) बस्ती सुरेश कुमार मौर्य और ARTO सिद्धार्थनगर संजय कुमार सिंह मुख्य रूप से शामिल रहे। टीम ने वाहनों की तकनीकी स्थिति और सुरक्षा मानकों की जमीनी जांच की।

सरकार की मंशा: सुरक्षित सफर, सुरक्षित बचपन
अधिकारियों ने बताया कि सरकार की मंशा उत्तर प्रदेश के समस्त स्कूलों में संचालित वाहनों की रीयल-टाइम स्थिति जानना है। जांच के बाद सभी औपचारिकताओं को पूर्ण कर वाहनों को पोर्टल पर चढ़ाया जा रहा है। अधिकारियों ने दो टूक कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर पोर्टल पर डेटा अपलोड न करने वाले जिम्मेदारों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
रिपोर्ट: जाकिर खान
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