कुशीनगर में ‘विशेष संचारी रोग नियंत्रण एवं दस्तक अभियान’ शुरू, 12 विभागों का समन्वय
कुशीनगर। संचारी रोगों (Communicable Diseases) पर प्रभावी नियंत्रण पाने और जन-जागरूकता फैलाने के लिए विशेष संचारी रोग नियंत्रण एवं दस्तक अभियान का शुभारंभ मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) कार्यालय से हुआ। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. चंद्र प्रकाश ने हरी झंडी दिखाकर जागरूकता रैली को रवाना किया।
सीएमओ डॉ. चंद्र प्रकाश ने बताया कि यह अभियान 5 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक संचालित होगा। इसका मुख्य उद्देश्य दिमागी बुखार (Encephalitis) और अन्य वेक्टर जनित रोगों (Vector-Borne Diseases) के साथ-साथ जल जनित रोगों और दस्त रोग से बचाव करना है।
अभियान की मुख्य बातें और रणनीति
सीएमओ ने बताया कि संचारी रोग नियंत्रण में 12 संबंधित विभागों का समन्वय बनाया गया है। जिला मलेरिया अधिकारी संजीव कुमार सिंह ने बताया कि ये विभाग स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर सहयोग करेंगे।
विभाग जिम्मेदारी
पंचायती राज विभाग (ग्रामीण क्षेत्र): साफ-सफाई, कचरा निस्तारण, नालियों की सफाई, शुद्ध पेयजल आपूर्ति, वेक्टर नियंत्रण के लिए लार्वीसाईड का छिड़काव और फागिंग।
नगर पालिका/नगर पंचायत (शहरी क्षेत्र): नगरीय क्षेत्रों में साफ-सफाई, कचरा निस्तारण, नालियों की सफाई, शुद्ध पेयजल, लार्वीसाईड का छिड़काव और फागिंग।
स्वास्थ्य विभाग अभियान की सफलता के लिए हाई रिस्क क्षेत्रों की सूची ग्राम पंचायत और नगर निकायों को उपलब्ध कराना।
आशा और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का ‘दस्तक अभियान’
5 से 31 अक्टूबर तक चलने वाले दस्तक अभियान में आशा और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां घर-घर भ्रमण करेंगी। वे 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों और संदिग्ध टीबी रोगियों की पहचान कर ऐसे घरों पर स्टीकर लगाएंगी। वे बुखार के रोगियों, कुष्ठ, कालाजार, कुपोषित बच्चों की सूची तैयार करेंगी और आभा आईडी (ABHA ID) का सृजन करेंगी।
आमजन को स्वच्छ पेयजल के उपयोग और मच्छर जनित रोगों से बचाव के बारे में जागरूक करेंगी। जागरूकता रैली में आशा कार्यकत्रियां तख्तियां लिए हुए थीं, जिन पर “बुखार में देरी-पड़ेगी भारी” और “सूकर मच्छर गंदा पानी-संचारी रोगों की रचे ये कहानी” जैसे नारे लिखे थे।
रिपोर्ट: राघवेंद्र मल्ल
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