143 पर गिरे 7 विकेट, फिर इस खिलाड़ी ने पलट दी पूरी बाजी… 72 रन की तूफानी पारी से बचाई इंडिया A की लाज
India A vs Sri Lanka A: दांबुला में खेले गए मुकाबले में इंडिया ए की टीम एक समय बेहद मुश्किल स्थिति में दिखाई दे रही थी। शुरुआती बल्लेबाजों के लगातार आउट होने के बाद टीम का स्कोर सिर्फ 143 रन पर 7 विकेट था और ऐसा लग रहा था कि टीम 200 रन का आंकड़ा भी नहीं छू पाएगी।
बता दें कि जिस पिच पर वैभव सूर्यवंशी, प्रभसिमरन सिंह, तिलक वर्मा और ऋतुराज गायकवाड़ जैसे बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल सके, उसी पिच पर युवा ऑलराउंडर सूर्यांश शेड्गे ने धैर्य और आक्रामकता का शानदार मिश्रण दिखाया। उनकी बेहतरीन बल्लेबाजी ने मैच का पूरा रुख बदल दिया और इंडिया ए को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया।
सूर्यांश और विपरज ने संभाली डूबती हुई पारी
इंडिया ए की टीम जब लगातार विकेट गंवा रही थी तब सूर्यांश शेड्गे और विपरज निगम ने मोर्चा संभाला। दोनों बल्लेबाजों ने दबाव में घबराने के बजाय सकारात्मक क्रिकेट खेली।
वहीँ सातवें नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे सूर्यांश शेड्गे ने 66 गेंदों में 72 रन बनाए। उनकी पारी में 2 छक्के और 3 चौके शामिल रहे। उनका स्ट्राइक रेट 109 से अधिक रहा, जो मुश्किल परिस्थितियों में बेहद प्रभावशाली माना जाता है।
दूसरी ओर नौवें नंबर पर बल्लेबाजी करने आए विपरज निगम ने भी शानदार योगदान दिया। उन्होंने सिर्फ 49 गेंदों में 51 रन बनाए। दोनों खिलाड़ियों ने आठवें विकेट के लिए 104 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी की। इसी साझेदारी की बदौलत इंडिया ए का स्कोर 265 रन तक पहुंच सका। अगर यह साझेदारी नहीं होती तो टीम का बड़ा स्कोर बनाना लगभग असंभव था।
पूरी सीरीज में चमके सूर्यांश शेड्गे
सूर्यांश शेड्गे का प्रदर्शन केवल इस मैच तक सीमित नहीं रहा है। उन्होंने ट्राई सीरीज के तीनों मुकाबलों में उपयोगी पारियां खेली हैं। पहले मैच में उन्होंने नाबाद 26 रन बनाए थे। दूसरे मुकाबले में उनके बल्ले से 40 रन निकले और अब उन्होंने 72 रन की शानदार पारी खेलकर अपनी प्रतिभा का एक और प्रमाण दिया है।
उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन के बाद मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर की भी चर्चा हो रही है। सूर्यांश के पास लिस्ट ए क्रिकेट का ज्यादा अनुभव नहीं था, फिर भी उन्हें इंडिया ए टीम में मौका दिया गया।
चयनकर्ताओं का यह फैसला अब सही साबित होता दिखाई दे रहा है। सूर्यांश एक ऐसे खिलाड़ी हैं जो फिनिशर की भूमिका निभाने के साथ-साथ मध्यम गति की गेंदबाजी भी कर सकते हैं। यही कारण है कि उन्हें भविष्य के लिए तैयार किया जा रहा है।
टॉप ऑर्डर ने किया निराश
इंडिया ए के लिए शीर्ष और मध्यक्रम के बल्लेबाज उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सके। प्रभसिमरन सिंह केवल 11 रन बनाकर आउट हो गए। वैभव सूर्यवंशी ने अच्छी शुरुआत की लेकिन उसे बड़ी पारी में नहीं बदल सके और 21 रन बनाकर पवेलियन लौट गए।
ऋतुराज गायकवाड़ ने पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन वह 37 रन ही बना सके। तिलक वर्मा ने 23 रन जोड़े, जबकि निशांत सिंधु केवल 6 रन बनाकर आउट हो गए।
हालांकि, निचले क्रम के बल्लेबाज सूर्यांश शेड्गे और विपरज निगम ने जिस तरह जिम्मेदारी निभाई, उसने टीम को संकट से बाहर निकाल दिया। इस प्रदर्शन के बाद सूर्यांश शेड्गे को भारतीय क्रिकेट का उभरता हुआ सितारा माना जा रहा है और आने वाले समय में उन पर सभी की नजरें रहने वाली हैं।

