हर बार सिरदर्द नहीं होता माइग्रेन! जानिए किन लक्षणों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज
Headache Causes: सिरदर्द दुनिया की सबसे आम स्वास्थ्य समस्याओं में से एक है। कई लोग बार-बार होने वाले सिरदर्द को माइग्रेन मान लेते हैं, जबकि ऐसा हमेशा नहीं होता। विशेषज्ञों के अनुसार सिरदर्द कई प्रकार के होते हैं और इनके कारण भी अलग-अलग हो सकते हैं। तनाव, नींद की कमी, डिहाइड्रेशन, आंखों पर अधिक दबाव और साइनस की समस्या भी बार-बार सिरदर्द की वजह बन सकती है। इसलिए सही कारण की पहचान करना जरूरी है।
माइग्रेन और सामान्य सिरदर्द में क्या अंतर है
अमेरिकन माइग्रेन फाउंडेशन के अनुसार माइग्रेन एक न्यूरोलॉजिकल बीमारी है। इसमें अक्सर सिर के एक हिस्से में धड़कन जैसा दर्द होता है। इसके साथ मतली, उल्टी, तेज रोशनी और आवाज से परेशानी भी हो सकती है। माइग्रेन का दर्द 4 से 72 घंटे तक रह सकता है और शारीरिक गतिविधि से बढ़ सकता है।
वहीं, टेंशन हेडेक में पूरे सिर में दबाव या कसाव महसूस होता है। दर्द हल्का या मध्यम होता है और आमतौर पर मतली नहीं होती। व्यक्ति अपने रोजमर्रा के काम भी कर सकता है।

बार-बार सिरदर्द के कारण और कब हो जाएं सतर्क
मायो क्लिनिक के अनुसार तनाव, कम नींद, पर्याप्त पानी न पीना, लंबे समय तक स्क्रीन देखना और साइनस की समस्या बार-बार सिरदर्द का कारण बन सकते हैं।
वहीं मेडलाइन प्लस के मुताबिक अगर सिरदर्द के साथ अचानक बहुत तेज दर्द, बोलने में कठिनाई, शरीर के किसी हिस्से में कमजोरी या सुन्नपन, बार-बार उल्टी, सिर में चोट के बाद दर्द, बुखार और गर्दन में अकड़न या धुंधला दिखना जैसे लक्षण हों तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर या न्यूरोलॉजिस्ट से संपर्क करना चाहिए।
सिरदर्द से बचाव के लिए पर्याप्त पानी पिएं, रोज 7–9 घंटे की नींद लें, तनाव कम करें, स्क्रीन टाइम सीमित रखें और उन खाद्य पदार्थों की पहचान करें जो माइग्रेन को ट्रिगर करते हैं।
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