यूपी में बिजली की नई दरें घोषित, लगातार 7वें साल नहीं बढ़ा रेट, उपभोक्ताओं को राहत
UP Electricity Tariff: उत्तर प्रदेश के करोड़ों बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर आई है। राज्य में बिजली की नई दरें घोषित कर दी गई हैं, लेकिन इस बार भी किसी तरह की बढ़ोतरी नहीं की गई है। यह लगातार सातवां साल है जब बिजली की दरें जस की तस रखी गई हैं।
उत्तर प्रदेश देश का एकमात्र ऐसा राज्य है जहां इतने लंबे समय तक बिजली दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। इससे घरेलू और व्यावसायिक दोनों उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलेगी।
नोएडा उपभोक्ताओं को मिलती रहेगी 10% छूट
नोएडा पावर कंपनी लिमिटेड के उपभोक्ताओं के लिए भी अच्छी खबर है। यहां बिजली बिल पर पहले की तरह 10 प्रतिशत की छूट जारी रहेगी। इसके अलावा ईवी (इलेक्ट्रिक व्हीकल) चार्जिंग स्टेशनों को भी राहत दी गई है।
नई व्यवस्था के तहत सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक ईवी चार्जिंग में इस्तेमाल होने वाली बिजली पर 20 प्रतिशत की छूट दी जाएगी, जिससे इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा मिलेगा।
स्मार्ट मीटर और प्रस्तावित बढ़ोतरी पर फैसला
राज्य में लगाए जा रहे स्मार्ट प्रीपेड मीटरों का खर्च उपभोक्ताओं से नहीं लिया जाएगा, यह भी एक बड़ी राहत है। पावर कॉरपोरेशन ने इस वर्ष लगभग 3838 करोड़ रुपये खर्च का हवाला देकर बिजली दरों में बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया था, लेकिन नियामक आयोग ने इसे खारिज कर दिया।
इसके अलावा 2024-25 और 2026-27 के बीच हजारों करोड़ रुपये के राजस्व अंतर और अतिरिक्त खर्च का भी प्रस्ताव दिया गया था, जिसे मंजूरी नहीं मिली।
ऊर्जा मंत्री ने जताई खुशी
ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा (अमन कुमार शर्मा) ने इस फैसले पर प्रदेशवासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि लगातार सात साल से दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है और इस दौरान बिजली आपूर्ति भी रिकॉर्ड स्तर पर रही है।
उन्होंने बताया कि इस साल गर्मी के दौरान 32673 मेगावाट की रिकॉर्ड बिजली आपूर्ति दर्ज की गई। सरकार का लक्ष्य है कि हर गांव, हर शहर और हर इलाके में 24 घंटे बिजली उपलब्ध कराई जाए।

